गुजरात के प्रख्यात संत श्री भागवत ऋषि शास्त्री बहा रहे ज्ञान की गंगा
जमशेदपुर : पूजा पाठ व धर्म-कर्म के लिए अति श्रेष्ठ माने जाने वाले पौष माह में इस बार जमशेदपुर के हृद्यस्थल रहे जानेवाले बिष्टुपुर में श्रीमदे भागवत की ज्ञान गंगा बह रही है। गुजरात से आये प्रख्यात कथा वाचक श्री भागवत ऋ्षि शास्त्री बहा रहे ज्ञान की गंगा। स्थान है गुजराती सनातम समाज और आयोजक है श्री गुजराती ब्रह्म्ïा समाज। यहां पर छह जनवरी से श्रीमद् भागवत ज्ञान यज्ञ की शुरु हुआ जो 12 जनवरी तक चलेगा।
इसके लिए गुजराती सनातन समाज भवन के विशाल परिसर में श्री भागवत धाम का खास तौर पर निर्माण किया गया है. यहां के विशाल पंडाल में हजारों लोग बैठकर ज्ञानयज्ञ में गोते लगा रहे हैं। यहां श्रीमद भागवत कथा गुजराती भाषा में सरल तरीके से हो रही है। गाजे-बाजे से साथ निकली भव्य पोथी यात्रा : श्री गुजराती ब्रह्म्ïा समाज द्वारा आयोजित श्री भागवत ज्ञानयज्ञ के शुभारंभ से पहले गुरुवार को दिन में दो बजे बिष्टुपुर में गाजे-बाजे के साथ भव्य पोथीयात्रा निकली। इसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया। यह पोथी यात्रा कांटैक्टर्स एरिया रोड नंबर तीन स्थित मानेक निवास से निकली। इसके लिए एक ट्रक को खास तौर पर सजाया गया था। ट्रक के पीछे श्रद्धालु चल रहे थे। वहां के विभिन्न मार्गो से होती हुई पोथी यात्रा गुजराती सनातन समाज पहुंची और उसके बाद आरंभ हुआ श्रीमद् भागवत ज्ञान यज्ञ।
सात दिन में छह उत्सव
इस ज्ञानयज्ञ की खास विशेषता यह है कि सात दिनसीय आयोजन में छह दिन उत्सव का होगा। यानी छह दिन अलग-अलग उत्सव होंगे। इसकी शुरुआत आठ जनवरी को श्रीनृसिंह प्रागट्य से होगी। इसमें नृसिंह भगवान के प्रकट होने की कहानी जीवंत रूप में प्रस्तुत की जायेगी। रविवार यानी आठ जनवरी को श्री वामन प्राकट्य उत्सव होगा। इसमें भगवान के वामन अवतार की झांकी प्रस्तुत की जायेगी। ज्ञानयज्ञ में तीसरा उत्सव श्रीराम प्राकट्य का होगा। यह भी रविवार को ही होगा। इस दिन कुल चार उत्सव होंगे। इस दिन का अंतिम उत्सव श्रीकृष्ण प्राकट्य का होगा। सोमवार यानी 10 जनवरी को जो उत्सव होगा उसका नाम है श्री गोवद्र्धन पूजा। मंगलवार को श्री रुक्मिणी विवाह उत्सव के के साथ उत्सव कार्यक्रम का समापन होगा।
कथा विराम
12 जनवरी बुधवार को कथा विराम होगा। उस दिन पूरे दिन का कार्यक्रम होगा। पूर्णाहूति कार्यक्रम सुबह नौ से दिन 12 बजे तक होगा। दोपहर 12.15 से दिन दो बजे तक हवन का कार्यक्रम चलेगा। इसी दिन दोपहर में महाप्रसाद वितरण का भी कार्यक्रम होगा।
17 लोग बने यजमान
इस ज्ञानयज्ञ में 17 लोग यजमान बने हैं। मुख्य यजमान की भूमिका श्री दिनबंधु दवे निभा रहे हैं। दवे ही श्री गुजराती ब्रह्म्ïा समाज जमशेदपुर के अध्यक्ष हैं।



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