नई दिल्ली - दिल्ली उच्च न्यायालय के बाहर बुधवार की सुबह हुए बम विस्फोट से पूरी दिल्ली दहल उठी। विस्फोट में कम से कम 12 लोगों की मौत हो गई जबकि 91 घायल हो गए। घायलों में चार की हालत नाजुक है। गृह मंत्रालय के विशेष सचिव यू. के. बंसल ने कहा है कि दिल्ली उच्च न्यायालय के बाहर हुए बम धमाके में अब तक 11 लोगों की मौत हो चुकी है और और 76 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से ज्यादातर को राम मनोहर लोहिया अस्तपताल में भर्ती करवाया गया है।
उन्होंने कहा कि इस बम धमाके की जांच एनआईए की एक टीम को सौंप दी गई है सीएफएसल टीम फॉरेंसिक जानकारियां इकट्ठा कर रही है। उन्होंने कहा कि अभी किसी भी नतीजे पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। वैसे उन्होंने कहा कि इस धमाके में पीईटीएन का इस्तेमाल किया गया है। बताया जा रहा है कि आतंकवादियों ने गेट नंबर चार और पांच के बीच में रिसेप्शन काउंटर के पास बम एक सूटकेस में रखा था। दिल्ली उच्च न्यायालय संसद भवन और राष्ट्रपति भवन से कुछ ही किलोमीटर दूरी पर है। यह विस्फोट उच्च न्यायालय परिसर के गेट नम्बर पांच के बाहर सुबह करीब 10.30 बजे हुआ। उस समय वहां काफी भीड़भाड़ थी और न्यायालय परिसर में दाखिल होने की प्रतीक्षा कर रहे लोगों की लम्बी कतार लगी हुई थी। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि घायलों की संख्या अधिक हो सकती है।
भगवान दास नाम के एक प्रत्यक्षदर्शी ने बताया, "विस्फोट में कई लोग बुरी तरह जख्मी हुए हैं।" दिल्ली उच्च न्यायालय में चार महीनों के भीतर विस्फोट की यह दूसरी घटना है। उधर एनएसजी के डीजी राजेन मधेकर ने कहा है कि अब तक हुई जांच के आधार पर हम कह सकते हैं कि इस बम में अमोनियम नाइट्रेट की भारी क्षमता के साथ ईआईडी का इस्तेमाल किया गया है। दिल्ली उच्च न्यायालय के बाहर धमाके के बाद संसद भवन की सुरक्षा-व्यवस्था बढ़ा दी गई है। संसद के अंदर और बाहर की सुरक्षा अलर्ट कर दी गई है। पार्किंग में खोजी कुत्तों की मदद से सांसदों की गाड़ियों की जांच की जा रही है। धमाके के बाद दिल्ली और मुंबई समेत पूरे देश में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है।
उधर घटना के बाद प्रशासन ने लोगों की सुविधा के लिए हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए है। इसमें आरएमएल अस्पताल के हेल्पलाइन नम्बर 011-23348200, 23404446, 23743769, 23404478, राममनोहर लोहिया अस्पताल- 011-23744721, 011-23365525 और सफदरजंग के 011-26101925, 26161960, 26194690, 011-26707444 हैं।
देर रात 11.30 को उत्तर भारत में भूकंप के झटके
सुबह विस्फोट से दहली दिल्ली रात के 11.30 बजे भूकंप के झटके से थर्रा गयी। भूकंप सात सैकेंड तक रहा। इसका असर एनसीआर के गुडगांव, फरीदाबाद, नोएडा, गाजियाबाद, व अलवर तक महसूस किया गया। रिक्टर पैमाने पर भूकंप की तीव्रता 4.2 मापी गयी। भूंकप के कारण लोग घरों से बाहर निकल आए। भूकंप के झटके हरियाणा के सीमावर्ती इलाकों के अलावा उतराखंड और काश्मीर तक महसूस किये गये।
पहले हूजी फिर आईएम ने ली जिम्मेवारी
दिल्ली उच्च न्यायालय के बाहर हुए बम धमाके की जिम्मेदारी पहले हूजी ने ली थी लेकिन विस्फोट के 12 घंटे बाद ही एक अन्य आतंकवादी संगठन इंडियन मुजाहिदीन (आईएम) ने इसकी जिम्मेदारी लेने का दावा किया है। एक ई-मेल के जरिये इंडियन मुजाहिदीन ने दावा किया है कि दिल्ली बम धमाका उन्होंने करवाया है। इससे पहले हूजी यानी हरकत-उल-जिहाद-अल-इस्लामी ने जम्मू से ई-मेल भेजकर इस बम धमाके की जिम्मेदारी ली थी। उधर, राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने जम्मू में एक साइबर कफे के मालिक सहित चार लोगों से इस मामले के संबंध में पूछताछ की है। इस बीच राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने इस धमाके में कुछ सुराग हाथ लगने का दावा किया है। इसके अलावा विभिन्न एजेंसियां भी इस धमाके से जुड़े अलग-अलग पहलुओं से जांच कर रही हैं।











